यह किरदार क्या ढोता है
करमदी राया के घेरे में संयमित देखने वाले के तौर पर हैं। शक की फ़िल्म में चुप आदमी फ़र्नीचर नहीं होता।
सुदेव नायर अप्रैल 2025 में जुड़े, मलयालम और तमिल भूमिकाओं के बाद।
करमदी राया के घेरे में संयमित देखने वाले के तौर पर हैं। शक की फ़िल्म में संदूक़ों के पास चुप आदमी फ़र्नीचर नहीं होता। वह दरवाज़ा खुला रह गया, यही वह देखता है।
नायर अप्रैल 2025 में जुड़े, मलयालम और तमिल भूमिकाओं के बाद। उनसे जुड़े स्टिल गोदाम और आधी रात की मेज़ हैं। यह उस आदमी का मौसम है जो देखता है और इंतज़ार करता है।






